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जानें, शरीर, मन व आत्मा के मिलन का आधार कैसे बना योग

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योग

भारत की समस्त सृष्टि और संस्कार में योग निहित है, विशेषज्ञों का कहना है कि योग विकारों से मुक्ति का मार्ग है। योग हमारा आध्यात्मिक और वैज्ञानिक ज्ञान है। यही कारण है कि योग की सार्थकता को दुनिया के कई धर्मों ने स्वीकार किया है। योगा सिर्फ व्यायाम का नाम नहीं है बल्कि मन, मस्तिष्क, शारीरिक और विकारों को नियंत्रित करने का माध्यम भी है।

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दुनिया ने योग को अपनाया

भारत में योगाको एक आध्यात्मिक प्रक्रिया माना जाता है जिसमें शरीर, मन और आत्मा को एक साथ लाने का काम होता है। यह शब्द, प्रक्रिया और धारणा बौद्ध धर्म, जैन धर्म और हिन्दू धर्म में ध्यान-प्रक्रिया से संबंधित है। वैसे देखा जाए तो ‘योग’ शब्द भारत से होते हुए धीरे धीरे बौद्ध धर्म के साथ ही साथ चीन, जापान, तिब्बत, दक्षिण पूर्व एशिया और श्रीलंका में भी फैलता गया और आज के समय में पूरी दुनिया इससे परिचित है।

शरीर, मन और आत्मा के मिलन के साथ होता है मुनाफा

योगा का विकास करने के लिए भारत और दुनिया भर में योग संस्थान स्थापित किए गए हैं, तभी तो आज के समय में योगा को पर्यटन उद्योग के रुप में विकसित किया जा सकता है इसके कारण लाखों विदेशी आज भी भारतीय धरती पर शांति की खोज करने के लिए आते हैं। यहां पर लोग योग के साथ साथ भारत की प्राकृतिक सुंदरता के भी दर्शन करते हैं जिससे पर्यटन उद्योग को करोड़ों रुपये का मुनाफा होता है।

विज्ञान और विकास के बढ़ते कदम तनाव की जिंदगी दे रहा है। जिंदगी की गति अधिक तेज हो चली है। लोगों के जीने का नजरिया बदल रहा है। काम का अधिक दबाव बढ़ रहा हैं इससे हाईपर टेंशन, और दूसरी बीमारियां फैल रही हैं। तनाव का सबसे बेहतर इलाज योगविज्ञान में हैं। वहीं लोगों में सुंदर दिखने की बढ़ती ललक भी योग और आयुर्वेद विज्ञान को नया आयाम देगी। यह पूरे भारत के लिए गर्व का विषय है।

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स्वस्थ दुनिया की तरफ बढ़ता कदम है योग 

हमारी हजारों साल की वैदिक परंपरा को वैश्विक मंच मिला है। योगा का प्रयोग अब दुनिया भर में चिकित्सा विज्ञान के रुप में भी होने लगा है। उसे स्थिति हमें अपने जीवन के साथ जीने का नजरिया भी बदलना होगा। योग स्वस्थ दुनिया की तरफ बढ़ता कदम है। इसका सहभागी बन अपनी जिंदगी को आइए हम शांत और खुशहाल बनाएं। परिवार जब स्वस्थ होगा तो सेहतमंद समाज का निर्माण होगा। जब समाज अच्छा होगा तो देश की प्रगति में हमारा अहम योगदान होगा।

रश्मि गोला से करें संंपर्क

Spark.live पर मौजूद रश्मि गोला आपको योगा के जरिए शरीर, मन व अंतरात्मा का मिलन करने में मदद करेंगी। रश्मि गोला योग गुरु, फिटनेस ट्रेनर और साइकिक हीलर हैं। ये शिवानंद योगसंस्थान, उत्तराखंड के नेताला में एक योगा गुरू हैं। रश्मि रिबॉक प्रमाणित फिटनेस ट्रेनर भी हैं यही नहीं इन्हें साल २०१६ में पावरलिफ्टिंग खेलों में स्वर्ण पदक भी मिल चुका है। रश्मि योगा सिखाती है, खास बात तो यह है कि योग का जूनून उनके अंदर वर्षों से हैं इसकी वजह से ही उनकी आंदोलन, सटीकता और बुद्धधर्म की प्राप्ति हुई हैं। रश्मि को शास्त्रीय योग परंपरा में भी अनुभव है वो आपके योगा अभ्यास को जागृत व और भी मजबूत करती है।

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